चेन्नई। देश के 45 स्थानों पर आयोजित 20वें रोजगार मेले में 51 हजार से अधिक नवनियुक्त अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र दिए गए। सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय की 19 सितंबर की विज्ञप्ति के अनुसार चेन्नई के डी.जी. वैष्णव कॉलेज केंद्र पर केंद्रीय राज्य मंत्री एल. मुरुगन ने 285 चयनित अभ्यर्थियों को पत्र सौंपे।
चेन्नई के अभ्यर्थी आयकर विभाग, कर्मचारी राज्य बीमा निगम, भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण, रक्षा मंत्रालय, डाक विभाग, जिपमर और दक्षिण रेलवे सहित विभिन्न संस्थानों के लिए चुने गए थे। विज्ञप्ति ने कहा कि रोजगार मेलों के जरिए अब तक 12.75 लाख से अधिक नियुक्ति पत्र वितरित किए जा चुके हैं। नियुक्ति पत्रों की संख्या सरकारी भर्ती गतिविधि बताती है, लेकिन यह अर्थव्यवस्था में बने कुल शुद्ध रोजगार का माप नहीं है।
कार्यक्रम में मंत्री ने बेरोजगारी दर 6 प्रतिशत से घटकर 3.2 प्रतिशत होने का दावा किया और इसे अनेक सरकारी पहलों से जोड़ा। विज्ञप्ति में इस तुलना का सर्वेक्षण, संदर्भ वर्ष, आयु समूह और मापन पद्धति स्पष्ट नहीं की गई। अलग सर्वेक्षणों या अवधियों की बेरोजगारी दरों को बिना समान परिभाषा के सीधे जोड़ना भ्रामक हो सकता है; इसलिए लेख इस संख्या को मंत्री के वक्तव्य के रूप में दर्ज करता है, स्वतंत्र सांख्यिकीय निष्कर्ष के रूप में नहीं।
नए कर्मचारियों से जवाबदेही, सहानुभूति और नागरिक सेवा पर जोर देने की अपील भी की गई। यह खबर आधिकारिक कार्यक्रम विवरण का स्वतंत्र हिंदी सार है। तस्वीर चेन्नई के उसी रोजगार मेले की सरकारी छवि है। व्यापक रोजगार स्थिति समझने के लिए श्रम भागीदारी, कामगार-जनसंख्या अनुपात, नियमित वेतन, स्वरोजगार, वास्तविक मजदूरी और स्वतंत्र सर्वेक्षणों को साथ पढ़ना जरूरी है।