मूल आधिकारिक विज्ञप्ति पर आधारित स्रोत-संपादित समाचार। तारीख और कथन उसी विज्ञप्ति के संदर्भ में पढ़ें।
भारतीय नौसेना का निर्देशित मिसाइलों से लैस स्टेल्थ फ्रिगेट आईएनएस त्रिशूल ब्रिटेन के प्लायमथ पहुंचा है। रक्षा मंत्रालय की 11 अक्टूबर की विज्ञप्ति में बताया गया कि जहाज रॉयल नेवी के साथ कोंकण-2026 अभ्यास में भाग ले रहा है। इस द्विपक्षीय समुद्री अभ्यास की अवधि 8 से 15 अक्टूबर निर्धारित है।
कार्यक्रम दो हिस्सों में रखा गया है। बंदरगाह चरण में पेशेवर बातचीत, एक-दूसरे के जहाजों का दौरा, खेल और सांस्कृतिक गतिविधियां शामिल हैं। जहाज को दर्शकों के लिए खोलना भी इस चरण की गतिविधियों में बताया गया है।
समुद्री चरण में हवा, समुद्र की सतह और पानी के नीचे की परिस्थितियों से जुड़े अभ्यास प्रस्तावित हैं। इनमें दूसरे जहाज के डेक पर उतरने से जुड़े उड़ान संचालन, फायरिंग, वायु रक्षा, नौचालन और पनडुब्बी-रोधी अभ्यास शामिल हैं। इन गतिविधियों का उद्देश्य दोनों नौसेनाओं की साथ काम करने की क्षमता बढ़ाना है।
मंत्रालय के अनुसार, दो दशकों में कोंकण अभ्यास का दायरा और जटिलता बढ़ी है। इस संस्करण को भारत–ब्रिटेन की समुद्री साझेदारी और विजन 2035 के संदर्भ में रखा गया है। विज्ञप्ति कार्यक्रम का विवरण देती है, पूरे अभ्यास के अंतिम परिणाम नहीं।